बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय-सह-स्मृति स्तूप, वैशाली के प्रबंधन एवं संचालन तथा इसे अंतर्राष्ट्रीय स्तर के पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किए जाने हेतु कला एवं संस्कृति विभाग, बिहार के नियंत्रणाधीन बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय-सह-स्मृति स्तूप समिति के गठन एवं निबंधन की स्वीकृति दिनांक 17.06.2026 को आहूत मंत्रिपरिषद की बैठक में प्राप्त होने के उपरांत आज दिनांक 14.07.2026 को समिति के शासी निकाय की प्रथम बैठक शासी निकाय के अध्यक्ष-सह-विकास आयुक्त, बिहार श्री मिहिर कुमार सिंह की अध्यक्षता में उनके कार्यालय कक्ष में आहूत की गई।
शासी निकाय की बैठक में उक्त समिति का निबंधन सोसाइटीज रजिस्ट्रेशन एक्ट, 1860 के अंतर्गत कराए जाने का प्रस्ताव अनुमोदित हुआ। साथ ही, निबंधन कार्य का दायित्व बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय-सह-स्मृति स्तूप, वैशाली के अपर निदेशक डॉ. विमल तिवारी को दिए जाने का निर्णय लिया गया।
शासी निकाय की बैठक में माह नवम्बर-दिसम्बर, 2026 में इंटरनेशनल बुद्धिस्ट कॉन्क्लेव का आयोजन किए जाने पर सैद्धांतिक सहमति दी गई। दिनांक 05 अक्टूबर 2025 से दर्शकों के लिए खुले इस परिसर में दिनांक 19 मई 2026 से सशुल्क प्रवेश दिया जा रहा है तथा औसतन 2500 दर्शकों का आगमन संग्रहालय-सह-स्मृति स्तूप परिसर में होता है। दर्शकों की संख्या बढ़ाने हेतु इसका व्यापक प्रचार-प्रसार किए जाने का निदेश भी शासी निकाय के अध्यक्ष द्वारा दिया गया।
बैठक में श्री प्रणव कुमार, सचिव, कला एवं संस्कृति तथा भवन निर्माण विभाग, श्रीमती रचना पाटिल, सचिव (व्यय), वित्त विभाग, श्री अनिमेष पाराशर, सचिव, नगर विकास एवं आवास विभाग, श्रीमती वर्षा सिंह, जिला पदाधिकारी, वैशाली, श्रीमती महाश्वेता महारथी, सचिव, बोधगया मंदिर प्रबंधन समिति, श्री कृष्ण कुमार, निदेशक, संग्रहालय, बिहार, डॉ. विमल तिवारी, अपर निदेशक, बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय-सह-स्मृति स्तूप, वैशाली सहित ऊर्जा विभाग, पर्यटन विभाग तथा प्रमंडलीय आयुक्त, तिरहुत के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय-सह-स्मृति स्तूप को देखने प्रतिदिन आते हैं हजारों पर्यटक